बॉलीवुड सिंगर की सफाई / कनिका कपूर ने कहा- मेरी वजह से किसी को कोरोना नहीं हुआ, मैंने जानबूझकर कुछ भी नहीं किया

  • गायिका कनिका की 20 मार्च को कोरोना टेस्ट रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी, फिर उन्हें लखनऊ में पीजीआई अस्पताल में भर्ती किया गया था
  • कनिका कपूर को 5 अप्रैल को पीजीआई अस्पताल से डिस्चार्ज किया गया, वे फिलहाल अपने परिवार के साथ होम क्वारैंटाइन हैं

लखनऊ. बॉलीवुड सिंगर कनिका कपूर कोरोनावायरस को मात देकर फिलहाल क्वारैंटाइन में समय बिता रहीं हैं। उन्होंने रविवार को इंस्टाग्राम पर बयान जारी कर कोरोनावायरस महामारी फैलाने के आरोपों पर अपनी चुप्पी तोड़ी। उन्होंने कहा- जिन भी लोगों के संपर्क में मैं आई थी, वे सभी जांच में निगेटिव पाए गए। मैंने एक भी पार्टी आयोजित नहीं की। मुझे यदि बीमारी के बारें में पता होता, तो ऐसा बिल्कुल न करती। मुझे जैसे ही समस्या हुई तो मैंने टेस्ट कराया। टेस्ट पॉजिटिव आने के बाद अस्पताल चली गई। बता दें कि कनिका कपूर कोरोनावायरस की जद में आने वाली बॉलीवुड सेलेब थीं। इस दौरान कनिका पर महामारी को फैलाने के आरोप भी लगे। इतना ही नहीं इस मामले में लखनऊ के सरोजनी नगर थाने में उन पर केस भी दर्ज है।

मैं इसलिए नहीं चुप थी, क्योंकि गलत थी
कनिका ने लिखा- मुझे पता है कि, मेरे बारें में कई कहानियां बनाईं गई हैं। कुछ तो इस वजह से ज्यादा बढ़ी क्योंकि, मैं अब तक चुप रही। मैं इसलिए चुप नहीं थी, क्योंकि मैं गलत थी। मुझे पता था लोगों को गलत जानकारी दी गई। मैं बस इंतजार कर रही थी कि लोग खुद सच को समझें। मैं अपने परिवार, दोस्त व प्रशंसकों का बहुत धन्यवाद करती हूं, जिन्होंने ऐसे वक्त में मुझे समझा। लेकिन, अब मैं आपको सही बातें बताना चाहूंगी।

मैंने कोई पार्टी होस्ट नहीं की, जब लक्षण दिखे तो टेस्ट कराया था

कनिका ने लिखा- वह इस समय अपने लखनऊ वाले घर में हैं। माता-पिता के साथ क्वालिटी टाइम बिता रही हैं। जब 10 मार्च को वह लंदन से मुंबई आई थी, तब एयरपोर्ट पर जांच भी की गई थी। उस समय क्वारैंटाइन में रहने के संबंध में कोई एडवायजरी नहीं थी। इसके बाद जब वह मुम्बई से लखनऊ आईं, तब भी उनमें कोरोना का कोई लक्षण नहीं था। न ही एयरपोर्ट पर स्क्रीनिंग की गई।

उस समय स्वास्थ्य की कोई समस्या नहीं थी, इसलिए कुछ कार्यक्रमों में गई थी। खुद कोई पार्टी आयोजित नहीं की। 17 मार्च को जब उन्हें कुछ समस्या लगी, तब खुद से कोरोनावायरस टेस्ट कराने को कहा था। टेस्ट में कोरोना पॉजिटिव आने के बाद 20 मार्च को अस्पताल चली गई। मैं उम्मीद करती हूं कि इस मैटर से लोग सच्चाई और संवेदनशीलता के साथ डील करें। इंसान पर नकारात्मकता थोपने से सच्चाई नहीं बदलती।